
देहरादून। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री की ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि’ मुहिम को गति देते हुए देहरादून पुलिस और एएनटीएफ (ANTF) की संयुक्त टीम ने मादक पदार्थों के अंतरराज्यीय तस्करों के एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने दिल्ली के कुख्यात ‘सिद्धू गैंग’ से जुड़े 6 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है, जो देहरादून में छात्रों को हाइप्रोफाइल ड्रग्स MDMA सप्लाई कर रहे थे। पकड़े गए सभी आरोपी विभिन्न शिक्षण संस्थानों में तकनीकी शिक्षा ले रहे छात्र हैं।
महंगे शौक ने बनाया अपराधी
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई में पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 44.61 ग्राम MDMA बरामद की है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब साढ़े चार लाख रुपये बताई जा रही है। पूछताछ में खुलासा हुआ कि ये सभी आरोपी अच्छे घरों से ताल्लुक रखते हैं और अपने महंगे शौक पूरे करने के लिए नशे के कारोबार में उतरे थे।
छात्रों को निशाना बनाता था गिरोह
अभियुक्तों ने पुलिस को बताया कि वे दिल्ली निवासी सिद्धार्थ उर्फ सिद्धू के लिए काम करते थे। सिद्धू या उसके एजेंट समय-समय पर देहरादून आकर उन्हें खेप उपलब्ध कराते थे, या फिर ये लोग खुद दिल्ली, पंजाब और उत्तर प्रदेश जाकर ड्रग्स की तस्करी करते थे। ये तस्कर विशेष रूप से कॉलेज के छात्रों को ऊंचे दामों पर MDMA बेचते थे।

दो अलग-अलग स्थानों से हुई गिरफ्तारी
पुलिस को मिली पुख्ता सूचना के आधार पर 22 सितंबर की रात को कार्रवाई की गई। टीम ने ओल्ड मसूरी रोड पर शहंशाई रिजॉर्ट के पास से एक कार में सवार वेदांत चौहान, रचित शर्मा, श्रीकांत ममगाई और चिराग रस्तोगी को 27.12 ग्राम MDMA के साथ दबोचा। वहीं, दूसरी कार्रवाई में सहस्त्रधारा हेलीपैड के पास से अभिषेक थापा और वैभव ममगांई को 17.49 ग्राम MDMA के साथ गिरफ्तार किया गया।
पुलिस ने कसी नकेल
गिरफ्तार सभी छह आरोपियों के खिलाफ थाना राजपुर में एनडीपीएस एक्ट की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब इस गिरोह के सरगना ‘सिद्धू’ की धरपकड़ के लिए नेटवर्क खंगाल रही है। इस बड़ी कामयाबी पर देहरादून पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की जा रही है।



