
अपराधों पर पुलिस अधिकारियों की जवाबदेही तय करने और बुजुर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग
देहरादून । राजधानी देहरादून में लगातार सामने आ रही आपराधिक घटनाओं को लेकर कांग्रेस ने प्रदेश सरकार और पुलिस प्रशासन पर सवाल उठाए हैं। प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना के नेतृत्व में पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य सचिव आनंद वर्धन और पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस ने मांग की कि गंभीर अपराधों के मामलों में संबंधित चौकी, थाना, सर्किल और जिला स्तर के पुलिस अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए।
मुख्य सचिव से मुलाकात के दौरान धस्माना ने देहरादून में हाल के महीनों में हुई हत्या, गोलीबारी, लूट और अन्य आपराधिक घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इन घटनाओं से आम लोगों में असुरक्षा की भावना बढ़ी है। उन्होंने रायपुर थाना क्षेत्र के विष्णु लोक में हुए तिहरे हत्याकांड का भी जिक्र किया और कहा कि राजधानी में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए प्रभावी कदम उठाने की जरूरत है।
धस्माना ने कहा कि आपराधिक घटनाओं का असर विशेष रूप से उन वरिष्ठ नागरिकों पर पड़ रहा है, जो अकेले रहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कमजोर पुलिसिंग के कारण दूसरे राज्यों के अपराधी भी देहरादून में शरण ले रहे हैं। कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने हर थाना क्षेत्र में रहने वाले वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा के लिए विशेष व्यवस्था करने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ से भी मुलाकात कर पुलिस व्यवस्था को दुरुस्त करने और अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कदम उठाने की मांग की। कांग्रेस के अनुसार, DGP ने आश्वासन दिया कि वह इस विषय की गंभीरता से समीक्षा करेंगे और इसे प्राथमिकता के आधार पर स्वयं मॉनिटर करेंगे।
प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश कांग्रेस श्रम विभाग के अध्यक्ष दिनेश कौशल, पूर्व प्रदेश महासचिव जगदीश धीमान और युवा कांग्रेस के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष सुमित खन्ना शामिल रहे।



