
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में आयोजित विदाई समारोह में राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) के उत्तराखंड के विकास, शिक्षा, युवा प्रोत्साहन, महिला सशक्तीकरण एवं जनकल्याण के क्षेत्र में योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्यपाल का कार्यकाल प्रदेश के लिए महत्वपूर्ण और प्रेरणादायी रहा।
समारोह में मुख्यमंत्री ने राज्यपाल को उनके सफल कार्यकाल के लिए बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने अपने सैन्य अनुभव, दूरदर्शी सोच, अनुशासन और सकारात्मक दृष्टिकोण से प्रदेश के विकास से जुड़े विभिन्न विषयों को नई दिशा दी। उनके मार्गदर्शन में शिक्षा, उच्च शिक्षा, शोध, कौशल विकास, युवाओं के प्रोत्साहन, महिला सशक्तीकरण तथा पूर्व सैनिकों के कल्याण को विशेष महत्व मिला।

विकास और जनसेवा के क्षेत्र में योगदान
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्यपाल ने कार्यकाल के दौरान प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण कर सामाजिक, सांस्कृतिक और विकास संबंधी आवश्यकताओं को निकट से समझा। उन्होंने युवाओं को नवाचार, उद्यमिता, राष्ट्रसेवा और उत्कृष्टता के लिए प्रेरित किया। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने तथा समाज के हर वर्ग को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के प्रयासों में उनकी प्रतिबद्धता सराहनीय रही।
धामी ने कहा कि राज्यपाल ने उत्तराखंड की सैन्य परंपरा, वीर सैनिकों के त्याग और राष्ट्र के प्रति उनके समर्पण को सदैव विशेष सम्मान दिया। पूर्व सैनिकों एवं उनके परिवारों के कल्याण के प्रति उनकी संवेदनशीलता तथा युवाओं में देशभक्ति, अनुशासन और राष्ट्रनिर्माण की भावना जागृत करने के प्रयास स्मरणीय रहेंगे।

राज्यपाल ने प्रदेशवासियों का किया आभार
इस अवसर पर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने मुख्यमंत्री, प्रदेश सरकार, प्रशासन, जनप्रतिनिधियों, शैक्षणिक संस्थानों और प्रदेशवासियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड के राज्यपाल के रूप में कार्य करना उनके लिए गौरव और सौभाग्य का विषय रहा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लोगों का स्नेह, विश्वास और अपनत्व उनके कार्यकाल की सबसे अनमोल उपलब्धि है।
राज्यपाल ने कहा कि पिछले पांच वर्षों में उन्हें प्रदेश के विकास, शिक्षा, महिला सशक्तीकरण, युवाओं के प्रोत्साहन, पूर्व सैनिकों के सम्मान और जनकल्याण से जुड़े विभिन्न कार्यों में योगदान देने का अवसर मिला। उन्होंने इन उपलब्धियों को प्रदेश सरकार, प्रशासन, सामाजिक संगठनों और आमजन की सामूहिक सहभागिता का परिणाम बताया।
युवा और महिला प्रदेश की ताकत
राज्यपाल ने कहा कि युवाओं की ऊर्जा, प्रतिभा और संकल्प किसी भी राज्य की सबसे बड़ी ताकत होती है। उत्तराखंड के युवाओं में नवाचार और राष्ट्रनिर्माण में योगदान देने की अपार क्षमता है। उन्होंने महिलाओं की बढ़ती भागीदारी, आत्मनिर्भरता और सामाजिक नेतृत्व को प्रदेश के उज्ज्वल भविष्य का आधार बताया।


उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के वीर सैनिकों, पूर्व सैनिकों, सीमांत क्षेत्रों के लोगों के साहस तथा प्रदेश की आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत का उनके हृदय में विशेष स्थान रहेगा। इस अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य व्यक्तियों, जनप्रतिनिधियों, विधायकों और वरिष्ठ अधिकारियों ने राज्यपाल से भेंट कर उनके कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं दीं।
उल्लेखनीय है कि लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने 15 सितंबर 2021 को उत्तराखंड के राज्यपाल का पदभार ग्रहण किया था, जबकि डॉ. ढाल सिंह बिसेन को राज्य का नया राज्यपाल नियुक्त किया गया है।



